Adhyatmik kahani आध्यात्मिक कहानियां

Tuesday, 16 August 2016

कर्ण की धर्मनिष्ठता

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कर्ण कौरवों की सेना में होते हुए भी महान धर्मनिष्ठ योद्धा थे। भगवान श्रीकृष्ण तक उनकी प्रशंसा करते थे। महाभारत युद्ध में कर्ण ने अर्जुन को ...

रात्रि में शिवलिंग के पास दीपक जलाने के ये है फायदे

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हिन्दू धर्म की पौराणिक मान्यता के अनुसार सावन महीने को देवों के देव महादेव भगवान शंकर का महीना माना जाता है। इस माह में शिवजी की सामान्य ...

राजा युधिष्ठिर की 30 पीढ़ी_

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महाभारत के बाद से आधुनिक काल तक के सभी राजाओं का विवरण क्रमवार तरीके से नीचे प्रस्तुत किया जा रहा है...! आपको यह जानकर एक बहुत ही आश्चर्य...

विश्व के शीर्ष दस आविष्कार जो भारत ने किए :-

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बहुत से लोग यह मानते या कहते पाए गए हैं कि पश्चिम ने विश्व को विज्ञान दिया और पूर्व ने धर्म | दूसरी ओर हमारे ही भारतीय लोग यह कहते हुए भी ...

ध्यान-योग

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ध्यान तीन प्रकार का है- 1 स्थूल-ध्यान 2 ज्योतिर्ध्यान और 3 सूक्ष्म-ध्यान। स्थूल-ध्यान वह कहा जाता है जिसमें मूर्तिमान् अभीष्ट देवता का अथव...

जप योग

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जप का अर्थ है – ‘ज’ का अर्थ है जन्म का रूक जाना। ‘प’ का अर्थ है पाप का नाश होना। इसीलिए पाप को मिटाने वाले और पुनर्जन्म प्रक्रिया रोकने व...

ॐकार-साधना

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ॐकार-साधना ‘नाद-योग’ की उच्चस्तरीय साधना है। आरम्भिक अभ्यासी को प्रकृति प्रवाह से उत्पन्न विविध स्तर की आहत-परिचित ध्वनियाँ सूक्ष्म कणेंन्...
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